Web hosting kya hai | वेब होस्टिंग क्या है

Web hosting kya hai | वेब होस्टिंग क्या है

वेब होस्टिंग क्या है : वेब होस्टिंग एक ऐसी सेवा है जो कि संगठनों और व्यक्तियों के लिए इंटरनेट पर वेबसाइट या वेब पेज को पोस्ट करने की अनुमति देता है एक वेब होस्ट अपने सर्वर पर स्थान प्रदान करता है जिससे की पुरे दुनिया के सभी कंप्यूटर्स उस वेबसाइट पर आसानी से एक्सीस कर सकते है आज यहाँ हज़ारो वेब सर्विसेज उपलब्ध है जो आपको सर्विस वेब होस्ट की सर्विस प्रोवाइड कराती है वेब होस्ट की सेवा हमें बहुत कंपनिया प्रदान कराती है जैसे Godaddy, Hostgator, Bluehost etc. और इनको हम वेब होस्ट भी कह सकते है जब इन्टरनेट यूजर आपकी वेबसाइट पर विजिट करना चाहे तो उन सब यूजर्स को उनके ब्राउज़र में आपके वेबसाइट अड्रेस की जरुरत पड़ती है उनके कंप्यूटर तो अपने सर्वर से कनेक्ट करेगा और अपने वेबपेजों ब्राउज़र के माध्यम से उन्हें वितरित किया जाएगा | आइये जाने Web hosting kya hai

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वेबसाइट को कैसे होस्ट करे अपने सर्वर पर

वर्तमान समय में, हर किसी को इन्टरनेट पर उसके बिज़नेस की जानकारी चाहे पोर्टफोलियो वेबसाइट हो या पर्सनल वेबसाइट, वह उसे प्रदर्शित करने के लिए वेब होस्टिंग का इस्तेमाल करता है वेबसाइट को होस्ट करने के लिए आपकी खुद की निजी वेबसाइट होना जरुरी है आपको अपने वेबसाइट को होस्ट करने के लिए डोमेन एड्रेस की जरुरत पड़ती है जिससे की आप अपने संभावित ग्राहकों के साथ कनेक्ट होने के लिए संपर्क पेज बना सकते हैं |

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वेबसाइट होस्टिंग प्रक्रिया

1:- रजिस्टरिंग ए डोमेन नेम : अपनी वेबसाइट को ऑनलाइन करने के लिए आपको आवश्यकता है डोमेन नेम की डोमेन नेम एक विशेष आईपी एड्रेस होता है जिन्हें हम प्रयोग करते है अपनी वेबसाइट को होस्ट करने के लिए जिनको याद रखने में हमें आसानी रहती है सभी वेबसाइट का आईपी एड्रेस होता है जैसे की 123.456.78.9. | डॉमेन नेम सिस्टम इस एड्रेस को वेबसाइट के नेम में इस तरह mywebsite.com. परिवर्तित करता है

2:- वेबसाइट होस्टिंग : आप एक वेबसाइट डोमेन का चयन कर चुके है, उसको रजिस्टर कर चुके है और वेब होस्ट के सिग्नेचर भी हो चुके है तो अब आगे क्या करे ? आइये आगे जानते है इसके बारे में आपका वेब होस्ट आपको जानकारी देता है की कैसे साइट को चलाया जाये डोमेन नेम सर्वर आपको डोमेन नेम और इन्टरनेट प्रोटोकॉल के बीच एक लिंक देता है आईपी एड्रेस एक नंबर्स की शृंखला (123.456.78.9.) होती है हर वेब सर्वर एक अद्वितीय आईपी एड्रेस होता है

  • Configuring DNS : जब आप डोमेन नेम खरीद लेते है तो यह रजिस्ट्रार की डीएनएस पंजीकृत होता है आपका DNS कॉन्फ़िगरेशन कुछ इस तरह दिखता है
  • प्राइमरी नेम सर्वर : NSA.NEWDAYDNS.COM (204.50.14.2)
  • सेकंडरी नेम सर्वर : NSB.NEWDAYDNS.COM (204.50.22.2)

ये सभी जानकारी आपकी होस्टिंग कंपनी के पास उपलब्ध होती है यदि आपको DNS नहीं मिल सका  है तो ये आप अपने वेब होस्ट से संपर्क करे और पूछे DNS के बारे में |

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3:- अपलोडिंग योर वेबसाइट : वेब होस्ट के साथ अपना खाता खोलने और DNS सेट करने के बाद आप अपनी वेबसाइट को उपलोड कर सकते है वैसे तो कई तरीके होता है उप्लोडिंग के लेकिन फाइल ट्रांसफर प्रोटोकॉल (FTP) सबसे अच्छा तरीका है FTP एक आसान तरीका होता है अपनी फाइल्स को एक कंप्यूटर से दूसरे कंप्यूटर तक ट्रांसफर करने के लिए, आप अपनी वेबसाइट को कैसे कनेक्ट करेंगे FTP से इसके बारे में आपके वेब होस्ट आपको जानकारी देंगे |

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